नज़र जब भी तू आती है नज़र से चूम लेता हूँ,
तेरी चाहत का पीके जाम अक्सर झूम लेता हूँ
मुझे रातों में यारा जब मेरी आँखें सताती है
तो मै चुपचाप तेरे नाम के अक्षर चूम लेता हूँ
~Kumar Satendra
तेरी चाहत का पीके जाम अक्सर झूम लेता हूँ
मुझे रातों में यारा जब मेरी आँखें सताती है
तो मै चुपचाप तेरे नाम के अक्षर चूम लेता हूँ
~Kumar Satendra
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